Friday, September 16, 2022

वैरिकोज नसें (Varicose veins) क्या है?



आजकल कई लोग चाहते हैं कि उनकी त्वचा थोड़ी पतली हो जाए जिससे हाथों की नसें उभरकर दिखने लगें। इसके लिए वो डाइट और जिम में व्यायाम करते हैं।

लेकिन बहुत लोगों की नसें बिना व्यायाम किए ही , सामान्य से ज्यादा दिखती हैं। यह हाथ, पैर, छाती या पीठ पर हो सकती हैं।

अगर किसी के पैरों में नसें दिख रही हैं जिनका रंग नीला है तो यह गंभीर स्वास्थ्य समस्या का संकेत हो सकता है। इन नीली नसों को वैरिकोस नसें कहा जाता है।

अधिकतर लोग पैरों की इन वैरिकोज नसों को अनदेखा करते हैं।

यह वैरिकोज वैंस मुख्यतः हाथ, पैर, एड़ी, घुटने और पंजे में दिखाई देती हैं। यह थोड़ी सूजी हुई, थोड़ी मुड़ी हुई होती हैं, जो नीले या बैंगनी रंग की उभरी नसें होती हैं।

इन नसों के आसपास स्पाइडर नसें ( spider veins) होती हैं, यह लाल और बैंगनी रंग की होती हैं जो दिखने में बहुत बारीक, पतली होती हैं।


स्पाइडर वैंस, वैरिकोज वैंस को चारों ओर से घेर लेती हैं तो उनमें दर्द और खुजली होने लगती है।

वैरिकोज वैंस ज्यादातर लोगों के खतरनाक नहीं होती लेकिन कुछ लोगों के लिए गंभीर हो सकती हैं।

वैरिकोज नसों का कारण ——


वैरिकोज नसें तब दिखती हैं जब मनुष्य की नसों की दीवारें कमजोर हो जाती हैं। जब ब्लड प्रेशर बढ़ता है तो नसों में दबाव भी बढ़ जाता है और वे चौड़ी होने लगती हैं।

इसके बाद जैसे जैसे नसें खिंचने लगती हैं वैसे वैसे नसों में एक दिशा में खून का प्रवाह करने वाले वॉल्व अच्छे से काम करना बंद कर देते हैं। इसके बाद नसों में खून जमा होने लगता है और नसों में सूजन आने लगती है, वो मुड़ने लगती हैं।
नसों की दीवार कमज़ोर होने के कई कारण हो सकते हैं, जैसे

हार्मोन का बैलेंस बिगड़ना
लंबी उम्र
देर तक खड़े होना
अधिक वजन होना
मेनोपॉज
वैरिकोज नसों की पहचान , लक्षण——



विशेषज्ञों के अनुसार वैरिकोज नसें किसी में भी दिख सकती हैं, और यह काफ़ी सामान्य बात है। एक तिहाई युवाओं में यह दिखाई देती है।

उभरी हुई, मुड़ी हुई नीले और बैंगनी रंग की नसें वैरिकोज नसों का मुख्य लक्षण है

अगर आपके पैरों में नसों के आसपास खुजली हो रही है तो यह भी वैरिकोज नसों का लक्षण हो सकता है।

अगर किसी के पैरों में सूजन है, वो अधिक शारीरिक सक्रियता अधिक है तो उसे पैरों में पीछे की ओर जो नीले रंग की नसें दिखेंगी, वो वैरिकोज नसें हो सकती हैं।

वैरिकोज नसों से खतरा—

अधिकतर लोगों में वैरिकोज नसें खतरनाक नहीं होती लेकिन कुछ लोगों में गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं जिनका समय रहते इलाज नहीं करवाया तो अल्सर, रक्तस्राव ( bleeding) का कारण भी बन सकती हैं।

वहीं कुछ लोगों में वैरिकोज नसें उस स्थिति का कारण भी बन सकती हैं, जिस स्थिति में ह्रदय की खून को पंप करने की क्षमता प्रभावित हो जाती है।

इसके अलावा जिन लोगों में वैरिकोज नसों की समस्या है, उनके खून में थक्के जमने की संभावना बहुत अधिक हो जाती है, जो कि काफी खतरनाक हो सकती है क्योंकि खून में रुकावट से हृदय संबंधित समस्याएं हो सकती हैं।

कुछ मामलों में ब्लड प्रेशर में रुकावट से मृत्यु हो सकती है।

घुटने के आसपास दर्दनाक अल्सर का कारण बन सकती हैं। इससे त्वचा पर घाव हो सकते हैं।

वैरिकोज नसों का इलाज—

लेजर तकनीक या सर्जरी से वैरिकोज नसों का इलाज हो सकता है लेकिन अगर आप प्रतिदिन कुछ चीजों को फॉलो करते हैं तो इनको प्रारंभ में ही रोका जा सकता है। वैरिकोज नसें ब्लड प्रेशर बढ़ने से पैदा होती हैं इसलिए अगर कोई अपना ब्लड प्रेशर कम कर लेता है तो यह समस्या होने की संभावना काफी कम हो जाती है।

इसलिए ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करने के लिए

1. प्रतिदिन व्यायाम करें जिससे पैरों में रक्त संचार अच्छा होता है।
2. अगर वजन ज्यादा है तो कम करने का प्रयास करें।
3. हाई फाइबर डायट और नमक का सेवन कम करना।
4. हाई हील्स और टाइट जूते पहनने से बचें।
5. पैरों में दर्द होने पर सोते समय पैरों के नीचे तकिया लगाएं।
6. यदि अधिक देर तक खड़े हो तो पैरों को आराम देने के लिए थोड़ी थोड़ी देर बैठते रहें।
7. फ्लेवोनॉयड रक्त प्रवाह को बेहतर बनाते हैं इसलिए फ्लेवोनॉयड युक्त आहार जैसे सब्जियों जैसे कि प्याज, पलक और ब्रोकली खट्टे फल जैसे कि अंगूर, चैरी और ब्‍लूबैरी एवं लहसुन में फ्लेनोएड्स होते हैं।

यदि आपको अपने पैरों में नीली, बैंगनी नसें दिखाई देती हैं तो डॉक्टर से सलाह लें।


चित्र — गूगल से साभार प्राप्त

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